दुआ-ए-यूनुस
परेशानी और मुश्किल में। तिर्मिज़ी 3505 के मुताबिक़ जो मुसलमान इससे दुआ करे अल्लाह उसे क़बूल फ़रमाता है।
لَا إِلَهَ إِلَّا أَنْتَ سُبْحَانَكَ إِنِّي كُنْتُ مِنَ الظَّالِمِينَ
ला इलाहा इल्ला अन्ता सुब्हानका इन्नी कुन्तु मिनज़्ज़ालिमीन
तेरे सिवा कोई माबूद नहीं, तू पाक है, बेशक मैं ही ज़ालिमों में से था।
हवाला
Quran 21:87; Jami at-Tirmidhi 3505
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
दुआ-ए-यूनुस का मतलब क्या है?
तेरे सिवा कोई माबूद नहीं, तू पाक है, बेशक मैं ही ज़ालिमों में से था।
दुआ-ए-यूनुस कब पढ़ी जाती है?
परेशानी और मुश्किल में। तिर्मिज़ी 3505 के मुताबिक़ जो मुसलमान इससे दुआ करे अल्लाह उसे क़बूल फ़रमाता है।
दुआ-ए-यूनुस का हवाला क्या है?
यह दुआ Quran 21:87; Jami at-Tirmidhi 3505 में दर्ज है।
दुआ-ए-यूनुस अरबी में क्या है?
لَا إِلَهَ إِلَّا أَنْتَ سُبْحَانَكَ إِنِّي كُنْتُ مِنَ الظَّالِمِينَ (ला इलाहा इल्ला अन्ता सुब्हानका इन्नी कुन्तु मिनज़्ज़ालिमीन)